सिकंदराबाद / देहरादून
आशा कोठारी

सिकंदराबाद। पूर्व सैन्य अधिकारियों के एक दल ने हाल ही में सिकंदराबाद स्थित मिलिट्री कॉलेज ऑफ इलेक्ट्रिकल एंड मैकेनिकल इंजीनियरिंग (एमसीईएमई) का दौरा किया, जहां उनके पूर्व सहपाठी लेफ्टिनेंट जनरल नीरज वार्ष्णेय वर्तमान में कमांडेंट के पद पर कार्यरत हैं। संस्थान की उन्नत तकनीकी सुविधाओं और प्रशिक्षण व्यवस्था को देखकर सभी अधिकारियों ने गहरी प्रशंसा एवम सराहना व्यक्त की।
दौरे के दौरान अधिकारियों ने कहा कि लेफ्टिनेंट जनरल वार्ष्णेय ने अपनी दूरदर्शी सोच और कुशल नेतृत्व क्षमता के बल पर इस रक्षा प्रशिक्षण संस्थान को देश के सशस्त्र बलों के सर्वश्रेष्ठ संस्थानों में शामिल कर दिया है। उन्होंने बताया कि आज एमसीईएमई अपने कार्मिकों को ऐसा तकनीकी प्रशिक्षण प्रदान करने में सक्षम है, जो विश्व के श्रेष्ठतम प्रशिक्षण संस्थानों की तुलना में किसी भी मायने में कम नहीं है।
उल्लेखनीय है कि लेफ्टिनेंट जनरल नीरज वार्ष्णेय मूल रूप से उत्तराखंड राज्य के निवासी हैं। अपनी उपलब्धियों और उत्कृष्ट सेवाओं के माध्यम से उन्होंने न केवल भारतीय सेना में, बल्कि संपूर्ण उत्तराखंड राज्य का नाम रोशन किया है। राज्यवासियों को उनकी इस उपलब्धि पर गर्व है।
संस्थान का दौरा करने वाले अधिकारियों में भगत सिंह, रविंदर सिंह बिष्ट, गिरीश कांडपाल, राजेश वासन, राजेश कुमार, संदीप खुराना, पाटिल और प्रभात प्रसाद शामिल थे। सभी अधिकारियों ने लेफ्टिनेंट जनरल वार्ष्णेय के साथ अपने पुराने दिनों को याद करते हुए संस्थान की प्रगति पर हर्ष व्यक्त किया और उन्हें भविष्य की चुनौतियों के लिए शुभकामनाएँ दीं।